कांग्रेसी पार्षदों ने किया शमशान घाटों का दौरा, दिल्ली सरकार से मांगा एक करोड़ रुपए

  मनोज टंडन नई दिल्ली 6 जून ।दक्षिणी दिल्ली नगर निगम में कांग्रेस दल के नेता अभिषेक दत्त के नेतृत्व में कांग्रेस नेता वेद पाल (सदस्य स्थाई समिति, )यासमीन क़िदवई , सुरेश कुमार तय निगम पार्षद, संतोष शौक़ीन निगम पार्षद ने दक्षिणी नगर निगम के आठों कोविड-19 संक्रमित श्मशान घाटों पर दौरा किया l अभिषेक दत्त ने बताया कि उन्होंने लाल कुआं श्मशान घाट से दौरा आरंभ कर सराय काले खान, निजामुद्दीन, आईटीओ, द्वारका, हस्तसाल, सुभाष नगर और पंजाबी बाग मैं ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों तथा अंतिम संस्कार कराने वाले पंडितो से बातचीत की और धन्यवाद किया ।और उन्हें ड्राई राशन, सैनिटाइजर, मास्क, दवाइयां नेबुलाइजर, पीपीई किट इत्यादि दिए। नेता कांग्रेस के दल अभिषेक दत्त ने बताया कि कोरोना वैश्विक महामारी की दूसरी वेव में दिल्ली का हेल्थ सिस्टम चर्मराने के बाद जब दिल्ली लाशों का ढेर बन गई थी उस समय दिल्ली की जनता घर से बाहर निकलने की हिम्मत नहीं कर पा रही थी । ऐसे माहौल में श्मशान घाटों पर तैनात कर्मचारियों एवं पंडितों द्वारा अपनी जान की परवाह किए बिना एक कोरोना योद्धा के रूप में मृतकों का अंतिम संस्कार किया जबकि उनमें कई लावारिस लाशें भी सम्मिलित थी। उन्होंने बताया कि श्मशान घाटों पर तैनात कर्मचारियों एवं पंडितों से बात करने पर पता चला कि उनके पास आम आदमी पार्टी शासित दिल्ली सरकार एवं भाजपा शासित दक्षिणी दिल्ली नगर निगम की तरफ से अर्थात दोनों सरकारों से कोई नहीं गया। उन्होंने आगे कहा कि हस्तसाल श्मशान घाट के मुख्य पंडित एवं निजामुद्दीन श्मशान घाट के 3 कर्मचारियों की कोरोना संक्रमण से मृत्यु हो गई है और उन पर आश्रित परिजनों को तुरंत प्रभाव से दिल्ली सरकार 1-1 करोड़ रुपए की सहायता राशि दे। श्मशान घाटों पर तैनात स्टाफ द्वारा यह भी अवगत कराया गया कि मृतकों के अंतिम संस्कार के बाद उनकी अस्थियों जो पड़ी हुई है, सरकार उसका भी हल निकाले। अभिषेक दत्त ने कहा की जब दिल्ली कोरोना महामारी की दूसरी वेब में त्राहि-त्राहि कर रही थी, वही आम आदमी पार्टी शासित दिल्ली सरकार और भाजपा शासित केंद्र एवं दिल्ली नगर निगम एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप की राजनीति मे मशगूल होकर अपनी जिम्मेदारियों से भागते हुए रोटियां सेक रही थी। कांग्रेस दल के नेता एवं उपाध्यक्ष दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमेटी अभिषेक दत्त ने मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल से मांग की कि वे इन सभी लोगों को कोरोना योद्धा का दर्जा दें तथा साथ ही जिन लोगों की ऑन ड्यूटी मृत्यु हुई है उनको एक-एक करोड रुपए मुआवजे के साथ-साथ उनके बच्चों का मुफ्त इलाज करवाए। जो लोग ड्यूटी के दौरान कोरोना से संक्रमित हुए हैं उनको 50 लाख रुपए सहायता राशि दी जाए और जो निगम कर्मचारी तथा एनजीओ के कर्मचारी कोविड-19 संक्रमण के दौरान श्मशान घाटों पर कार्य कर रहे थे उनको 15-15 लाख रुपए की सम्मान राशि दी जाए साथ ही इनके भविष्य में नियमित रेगुलर हेल्थ चेकअप भी किए जाएं क्योंकि यह सभी कोरोना संक्रमित डेड बॉडी के साथ काम कर रहे थे और इनके परिवार की भी इंश्योरेंस की जाए । अभिषेक दत्त ने कहा कि माननीय मुख्यमंत्री श्री अरविंद केजरीवाल जी ने 1 सप्ताह के भीतर अगर हमारी मांगे नहीं मानते तो कांग्रेस पार्टी इसके विरोध पर उनके यहां धरना-प्रदर्शन करेगी।