पत्रकारों को बुलमैन रिकार्ड्स की तरफ से ‘देश के पत्रकार है हम’ गीत के माध्यम से श्रद्धांजलि

सुषमा रानी नई दिल्ली 14सितम्बर ।कंस्टीटूशन क्लब ऑफ़ इंडिया ‘देश के पत्रकार है हम’ गीत उन सभी मीडिया कर्मियों और पत्रकारों को हमारी श्रद्धांजलि है जो हमारे देश की आवाज़ हैं। इस गीत को देश के मशहूर गायकों शान, अलका याग्निक, सीपी झा और अनमोल दानिएल ने गया है और इसे लिखा है मशहूर गीतकार मृदुला घई ने। इस गीत को संगीतबद्ध और इसका निर्देशन किया है राज आशू ने। इसका निर्माण और इसकी प्रस्तुति बुलमैन रिकार्ड्स ने किया है। बुलमैन रिकार्ड्स के सीईओ और संगीतकार राज आशू के अनुसार, “हम सब मिलकर उन सभी पत्रकारों की असमय मौत पर अपना दुःख और संवेदना व्यक्त करते हैं क्योंकि इन पत्रकारों की कोरोना महामारी जैसे कठिन समय में भी अपनी जिम्मेदारी के निर्वहन से लोगों की स्मृति में अपना एक प्रभाव छोड़ा है। ये कहानियां अक्सर अनकही रह जाती है और समय के गर्द में दफ़न हो जाती है। हम चाहते है कि लोग उसे महसूस करे और इस तरह के सभी बहादुर योद्धाओं को याद करें जिन्होंने केवल लोकहित में विश्वास किया और विश्वसनीय और निष्पक्ष सूचनाओं को लोगों तक पहुँचाना सुनिश्चित किया। बुलमैन रिकार्ड्स के निदेशक आशीष प्रभुगावंकर ने कहा कि “भरे दिल से हम उन सभी लगभग १०० से ज्यादा पत्रकारों कि दुखद मौत का संताप करते है। यह गीत उन सभी पत्रकारों को श्रद्धांजलि है जिन्होंने बिना रुके कोविड 19 जैसी महामारी के दौरान फ्रंटलाइन योद्धा की तरह काम किया और लोगों तक खतरनाक और असुरक्षित परिस्थितियों में खबरें और सूचनाएं पहुंचाई तथा जमीनी हक़ीक़त का खुलासा किया। ” बुलवर्क, बुलकान और बुलमैन रिकार्ड्स के निदेशक निहिर शाह ने कहा कि हम उस सभी सूचना वाहकों को जिन्हे कोई जान नहीं पाया और उन सभी विस्मृत नायको की दुखद मौत को याद करते हैं जिन्होंने महामारी की विषम परिस्थिति में भी खबरें हम तक पहुंचाई। चाहे अस्पताल के बाहर हो, किसी अन्य स्थान से या श्मशान या मुर्दाघर के बाहर से इन पत्रकारों ने मरीजों के दुखी, चिंतित और अधीर परिवारजनों के साथ खड़े होकर सूचनाएं सभी तक पहुंचाई। इन्होने स्वतंत्र पत्रकार और स्ट्रिंगर के तौर पर भी अमूल्य सूचनाएं, तस्बीरे और वीडियो लोगों से साझा किया। हम इन सब को खोने और भूलने का जोखिम नहीं उठा सकते। “