Headlines

दिल्‍लीः ढाई साल के बच्चे में मिला पोलियो का रेयर वायरस

दिल्‍ली सरकार ने बताया है कि ढाई वर्ष के एक बच्चे में वैक्सीन से पैदा हुआ दुर्लभ वायरस (वीडीपीवी) पाया गया है।

पीडि़त बच्चा शहादरा के हर्ष विहार इलाके का रहने वाला है। लगभग तीन महीने पहले इस बात का पता चला था कि वह पोलियो के दुर्लभ वायरस से पीडि़त है। वर्ष 2013 में महाराष्ट्र के बीड में वीडीपीवी का एक मामला सामने आया था।

एक अंग्रेजी समाचार पत्र में छपी खबर के अनुसार, सूत्रों का कहना है कि बच्चे को पोलिया वैक्सीन के 20 खुराक पिलाए गए थे। उसके मामले में वैक्सीन से पैदा हुए वायरस शरीर में तेजी से फैलने लगे। पी2 श्रेणी वाला यह वायरस पोलियो के तीन वायरसों में सबसे ताकतवर माना जाता है। भारत में इस वायरस को पहली बार 1999 में मारा गया था।

दिल्‍ली सरकार के पल्स पोलियो विभाग के अधिकारी डॉ सी एम खानिजो का कहना है कि तीन नवंबर को इस बात की पुष्टि हुई कि बच्चा पोलियो के दुर्लभ वायरस से पीडि़त है। दो दिनों के भीतर ही उसकी निगरानी करने लगे और उसके आसपास के इलाकों में बच्चों को पोलियो की खुराक दिलवाई गई।

सूत्रों के अनुसार, इस केस के सामने आने के बाद चार नवंबर को केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने दिल्‍ली सरकार की अथॉरिटीज के साथ बैठक की थी। पोलियो के संपूर्ण उन्मूलन के लिए इंजेक्शन से पोलियो वैक्सीन देने की शुरुआत की गई है ताकि वैक्सीन से पैदा होने वाले पोलियो वायरस के मामले न हों।

क्या है वैक्सीन से पैदा होने वाला वायरस?
पोलियो की पिलाई जाने वाली खुराक में दुर्बल लेकिन जीवित वैक्‍सीन वायरस होते हैं, जो शरीर में एक प्रतिरक्षण प्रतिक्रिया को सक्रिय करते हैं। दुर्लभ मामलों में जब बच्चे के शरीर में प्रतिरक्षण क्षमता काफी कम होती है तब वह वायरस पूरे शरीर में तेजी से फैलने लगते हैं।